बिहार में 65 लाख वोटर्स के नाम वोटर लिस्ट से कटे, पटना में सबसे अधिक नाम हटे – आपत्ति दर्ज करने का 1 महीने का मौका

बिहार में 65 लाख वोटर्स के नाम वोटर लिस्ट से कटे, पटना में सबसे अधिक नाम हटे – आपत्ति दर्ज करने का 1 महीने का मौका

बिहार में आगामी विधानसभा चुनावों की तैयारियों के तहत चुनाव आयोग ने ड्राफ्ट वोटर लिस्ट जारी की है, जिसमें चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। इस बार राज्यभर में लगभग 65 लाख मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटा दिए गए हैं, जिनमें सबसे अधिक नाम राजधानी पटना जिले से काटे गए हैं।

चुनाव आयोग के अनुसार, अब राज्य में कुल 7 करोड़ से अधिक मतदाता हैं, लेकिन इनमें से लाखों नामों को हटा दिया गया है। इनमें मृतक, डुप्लीकेट एंट्री, दोहराव वाले नाम, अन्य राज्य में स्थानांतरित लोग, और दस्तावेज़ों में गड़बड़ी वाले नाम शामिल हैं।

पटना में सबसे अधिक नाम कटे

पटना जिला सबसे अधिक प्रभावित जिलों में से एक रहा, जहां बड़ी संख्या में लोगों के नाम सूची से हटा दिए गए। यह साफ तौर पर दर्शाता है कि शहरी क्षेत्रों में वोटर वेरिफिकेशन को लेकर जागरूकता और प्रक्रिया में पारदर्शिता की विशेष आवश्यकता है।

अब आपत्ति दर्ज करने के लिए 1 महीने का समय

चुनाव आयोग ने यह भी स्पष्ट किया है कि जिन लोगों के नाम गलती से हटाए गए हैं, वे अब 31 अगस्त 2025 तक अपनी आपत्ति दर्ज करा सकते हैं। इसके लिए संबंधित मतदाता निर्वाचन कार्यालय में जाकर, ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से या BLO से संपर्क करके आवेदन कर सकते हैं

आयोग की अपील

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने सभी नागरिकों से अपील की है कि वे अपने नाम की जांच करें और यदि उनका नाम सूची से गायब है, तो तुरंत आपत्ति दर्ज करें। यह प्रक्रिया मतदान के अधिकार को सुरक्षित रखने के लिए अत्यंत आवश्यक है।