कैनबरा।
ऑस्ट्रेलिया के खजांची (Treasurer) जिम चाल्मर्स ने साफ किया है कि आने वाले वर्षों में प्रस्तावित रोड यूजर चार्ज केवल इलेक्ट्रिक वाहनों (EVs) पर लागू होगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यह पेट्रोल और डीजल गाड़ियों पर पहले से लग रहे ईंधन उत्पाद शुल्क (Fuel Excise) के ऊपर कोई “डबल टैक्स” नहीं होगा।
वर्तमान में पेट्रोल और डीजल पर प्रति लीटर 51.6 सेंट का उत्पाद शुल्क लिया जाता है। इस पैसे का इस्तेमाल सड़कों की मरम्मत और नई सड़क परियोजनाओं के लिए होता है। लेकिन चूंकि इलेक्ट्रिक वाहन ईंधन का इस्तेमाल नहीं करते, वे इस योगदान से बाहर रहते हैं। इसी कमी को पूरा करने के लिए EV चालकों से अलग से रोड यूजर चार्ज वसूला जाएगा।
तीन दिवसीय राउंडटेबल चर्चा के बाद चाल्मर्स ने कहा कि इस नीति पर व्यापक सहमति बनी है। अब 5 सितंबर को राज्यों और केंद्र के संयुक्त वित्त मंत्रियों की बैठक में विकल्प पत्र (Options Paper) पर चर्चा होगी।
चाल्मर्स ने कहा, “हमारा ध्यान इलेक्ट्रिक वाहनों पर है। हम यह सुनिश्चित करना चाहते हैं कि जो लोग EV चलाते हैं, वे भी सड़कों के रखरखाव में योगदान दें।”
उन्होंने यह भी बताया कि फिलहाल यह विचार-विमर्श हो रहा है कि चार्ज की शुरुआत भारी इलेक्ट्रिक वाहनों (जैसे ट्रक) से की जाए या सीधे हल्के वाहनों (कारों) को भी शामिल किया जाए।
न्यू साउथ वेल्स (NSW) ने पहले ही ऐलान किया है कि 2027 तक, या जब EVs नए वाहनों की बिक्री का 30% हो जाएं, तब से यह चार्ज लागू किया जाएगा।
विक्टोरिया ने 2022 में 2 सेंट प्रति किलोमीटर का टैक्स लगाने की कोशिश की थी, लेकिन 2023 में हाई कोर्ट ने इसे असंवैधानिक घोषित कर दिया।
कोएलिशन (विपक्ष) ने भी EV चार्ज के विचार का समर्थन किया है, लेकिन कहा है कि वे सरकार की विस्तृत नीति का इंतजार करेंगे। विपक्षी वित्त प्रवक्ता जेम्स पैटरसन ने कहा, “यह उचित नहीं है कि पेट्रोल-डीजल वाहन चालक सड़क का खर्च उठाएं और EV चालक कुछ भी न दें।”
चाल्मर्स ने कहा कि सरकार जल्दबाज़ी नहीं करेगी और राज्यों के साथ मिलकर सही मॉडल तैयार करेगी। उनका कहना है कि किसी भी नए सिस्टम को लागू करने में समय लगेगा, ताकि यह न्यायसंगत और व्यवहारिक हो।
👉 इसका मतलब साफ है कि आने वाले सालों में ऑस्ट्रेलिया में EV चालकों को भी सड़क पर चलने का अतिरिक्त शुल्क देना होगा, लेकिन पेट्रोल-डीजल गाड़ियों पर पहले से लिया जा रहा टैक्स जस का तस रहेगा।