सिडनी (ऑस्ट्रेलिया):
ऑस्ट्रेलिया की बड़ी वित्तीय संस्था एएनज़ेड बैंक ने व्यापक स्तर पर की गई ग़लतियों और नियमों के उल्लंघन की बात स्वीकार कर ली है। इसके चलते बैंक को अब रिकॉर्ड 240 मिलियन अमेरिकी डॉलर (लगभग 1,600 करोड़ रुपये) का भारी-भरकम जुर्माना देना पड़ेगा।
ऑस्ट्रेलियाई प्रतिभूति एवं निवेश आयोग (ASIC) के अनुसार, एएनज़ेड ने सरकारी सेवाओं में “अनुचित आचरण” किया और बांड ट्रेडिंग के आँकड़ों में ग़लत रिपोर्टिंग की। बैंक ने अपने सौदों की मात्रा को जानबूझकर दसियों अरब डॉलर तक बढ़ा-चढ़ाकर पेश किया।
आयोग ने बताया कि बैंक की लापरवाही और गलत नीतियों का असर सीधे तौर पर 65,000 ग्राहकों पर पड़ा। कई मामलों में मृतक ग्राहकों से भी शुल्क वसूले गए और उन्हें कभी वापस नहीं किया गया।
एएसआईसी के चेयरमैन जो लोंगो ने बैंक पर कड़ी टिप्पणी करते हुए कहा,
“बार-बार एएनज़ेड ने ऑस्ट्रेलियाई नागरिकों के भरोसे को तोड़ा। यह देश के बैंकिंग तंत्र के लिए अस्वीकार्य है। ग्राहकों और सरकार का विश्वास बैंकों की रीढ़ है, और एएनज़ेड ने उस विश्वास की गंभीर अनदेखी की है।”
आयोग का कहना है कि यह दंड अब तक किसी एक संस्था पर लगाया गया सबसे बड़ा जुर्माना है। यह न केवल उल्लंघनों की गंभीरता को दर्शाता है, बल्कि यह भी दिखाता है कि बैंक अपने ग्राहकों को बार-बार कठिनाई में डालते रहे और समस्याओं को समय रहते ठीक नहीं किया।