ऑस्ट्रेलियन टैक्सेशन ऑफिस (ATO) ने टैक्सपेयर्स को इस साल एक अहम चेतावनी दी है: टैक्स रिटर्न भरने की जल्दबाज़ी न करें, वरना परिणाम भुगतने पड़ सकते हैं।
ATO के अनुसार, पिछले वर्ष जुलाई के पहले दो हफ्तों में करीब 1.42 लाख लोगों ने जल्दबाज़ी में टैक्स रिटर्न दाखिल किया, जिनमें से कई को बाद में सुधार करना पड़ा या जिनका रिटर्न ATO द्वारा जांच में लिया गया। इन मामलों में अधिकांश लोगों ने या तो अपनी आय सही से घोषित नहीं की या फिर अधूरी जानकारी के आधार पर रिटर्न फाइल किया।
ATO के सहायक आयुक्त रॉब थॉमसन ने कहा,
"हमें पता है कि टैक्स रिटर्न भरना हर साल की एक जरूरी जिम्मेदारी होती है, लेकिन इसमें जल्दबाज़ी करने की जरूरत नहीं है।"
उन्होंने सलाह दी कि टैक्सपेयर्स को अपना इन्कम स्टेटमेंट ‘Tax Ready’ होने तक इंतजार करना चाहिए, ताकि ATO द्वारा आवश्यक जानकारियाँ पहले से भर दी जा सकें (Prefill)। ऐसा करने से त्रुटियों की संभावना कम होगी और रिटर्न प्रोसेस तेज़ और सरल बनेगा।
थॉमसन ने बताया कि ATO आमतौर पर जुलाई के अंतिम सप्ताह तक अधिकांश नियोक्ताओं और एजेंसियों से आवश्यक डेटा प्राप्त कर लेता है। इसलिए टैक्सपेयर्स के लिए सबसे सही समय जुलाई के अंत से अगस्त की शुरुआत के बीच होता है।
महत्वपूर्ण सुझाव:
टैक्स रिटर्न तभी भरें जब पोर्टल पर "Tax Ready" का स्टेटस दिखे
Prefill डेटा का उपयोग करें ताकि आय और अन्य विवरण सही भरें जाएं
जल्दी रिटर्न भरने की बजाय सही रिटर्न भरें, जिससे संशोधन की जरूरत न पड़े
ATO की यह चेतावनी खासकर उन लोगों के लिए है जो टैक्स रिटर्न को ‘टू-डू लिस्ट’ का पहला काम समझकर जल्द निपटाना चाहते हैं। परंतु सही तरीका यही है कि कुछ हफ्तों का इंतजार करें और रिटर्न को ध्यान से भरें।