सिडनी। ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज़ हाल ही में अपने बयानों और नीतियों के ज़रिए एक नई दिशा में कदम बढ़ा रहे हैं — और वह दिशा है अमेरिका की छाया से बाहर निकलने की। उन्होंने हाल में कई बार "ऑस्ट्रेलियन वे" यानी 'ऑस्ट्रेलियाई तरीका' अपनाने की बात कही है, जिसे विश्लेषकों द्वारा अमेरिका की नीति से दूरी बनाने का संकेत माना जा रहा है।
चाहे वह विदेशी नीति हो, रक्षा मामलों में स्वतंत्र निर्णय लेने की बात हो या तकनीकी और व्यापारिक सहयोग में विविधता लाने का प्रयास — अल्बनीज़ सरकार अब अमेरिकी प्रभाव से हटकर एक संतुलित और आत्मनिर्भर अंतरराष्ट्रीय दृष्टिकोण अपना रही है।
विशेष रूप से AUKUS समझौते में सावधानीपूर्वक दृष्टिकोण, गाजा संकट पर अमेरिका के सख्त रुख से अलग रुख अपनाना, और चीन के साथ व्यावसायिक संबंधों को पुनर्स्थापित करने के प्रयास — इन सभी फैसलों को ऑस्ट्रेलियाई जनता का अप्रत्याशित समर्थन मिल रहा है।
हालिया सर्वेक्षणों में यह देखा गया है कि अधिकतर ऑस्ट्रेलियाई नागरिक प्रधानमंत्री के "ऑस्ट्रेलियन वे" वाले दृष्टिकोण से संतुष्ट हैं। जनता को लगता है कि अब देश की विदेश नीति अधिक स्वतंत्र और राष्ट्रीय हितों पर केंद्रित होती जा रही है।
राजनीतिक विश्लेषक मानते हैं कि यह बदलाव केवल रणनीतिक नहीं, बल्कि वैचारिक भी है — ऑस्ट्रेलिया अब एक जागरूक और आत्मनिर्भर वैश्विक भूमिका की ओर अग्रसर है।
निष्कर्षतः, प्रधानमंत्री अल्बनीज़ की यह नीति न केवल अंतरराष्ट्रीय मंच पर ऑस्ट्रेलिया की पहचान को सशक्त कर रही है, बल्कि घरेलू मोर्चे पर भी उन्हें नई लोकप्रियता दिला रही है।