दुबई ने एक बार फिर से कार्य संस्कृति में क्रांतिकारी कदम उठाते हुए अपने हजारों सरकारी कर्मचारियों के लिए फ्लेक्सिबल वर्क मॉडल की घोषणा की है। यह बदलाव 1 जुलाई से 12 सितंबर 2025 तक लागू रहेगा, जिससे कर्मचारियों को तीन दिन का वीकेंड और कम कार्य घंटों की सुविधा मिलेगी।
‘आवर फ्लेक्सिबल समर’ पहल का हिस्सा है योजना
दुबई गवर्नमेंट ह्यूमन रिसोर्सेस डिपार्टमेंट (DGHR) द्वारा शुरू की गई इस ‘आवर फ्लेक्सिबल समर’ पहल का उद्देश्य सरकारी कर्मचारियों को बेहतर कार्य-जीवन संतुलन प्रदान करना है। इस कार्यक्रम के तहत कर्मचारियों को दो समूहों में बांटा जाएगा:
पहला समूह: सोमवार से गुरुवार तक प्रतिदिन 8 घंटे काम करेगा और शुक्रवार को अवकाश मिलेगा।
दूसरा समूह: सोमवार से गुरुवार तक प्रतिदिन 7 घंटे काम करेगा, जबकि शुक्रवार को केवल साढ़े चार घंटे कार्य करना होगा।
पायलट प्रोजेक्ट रहा सफल
पिछले वर्ष इस योजना का पायलट प्रोजेक्ट चलाया गया था, जिसमें कर्मचारियों की संतुष्टि, खुशी और उत्पादकता में बढ़ोतरी देखी गई। उसी सकारात्मक प्रतिक्रिया को देखते हुए इस साल इसे सभी सरकारी विभागों में लागू किया जा रहा है।
सरकार का उद्देश्य: मॉडर्न और संतुलित कार्य संस्कृति
DGHR के महानिदेशक अब्दुल्ला अली बिन जायेद अल फलासी ने कहा,
“यह केवल कार्य घंटे घटाने का प्रयास नहीं है, बल्कि यह हमारे प्रशासन की आधुनिक सोच को दर्शाता है। हम कर्मचारियों के मानसिक और सामाजिक कल्याण को प्राथमिकता दे रहे हैं।”
उन्होंने यह भी कहा कि यह कदम दुबई को लचीले, टिकाऊ और मानव-केंद्रित सरकारी सेवाओं में अग्रणी बनाने की दिशा में एक और कदम है।
वैश्विक चलन बन रही है चार दिवसीय कार्य प्रणाली
दुबई का यह निर्णय उस वैश्विक प्रवृत्ति का हिस्सा है, जिसमें कई देश जैसे ऑस्ट्रेलिया, जापान, यूनाइटेड किंगडम, कनाडा, आयरलैंड, अमेरिका और आइसलैंड भी चार दिवसीय कार्य सप्ताह या फ्लेक्सी वर्क मॉडल को अपनाने की दिशा में कदम बढ़ा रहे हैं।