पेरिस। सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक “बीमार मज़ाक” का अंजाम अब जेल की सज़ा के रूप में सामने आया है। फ्रांसीसी इन्फ्लुएंसर इलेन एम., जो ऑनलाइन नाम ‘अमीन मोजीतो’ (Amine Mojito) से जाने जाते हैं, को छह महीने की जेल की सज़ा सुनाई गई है। उन्होंने सड़क पर अनजान लोगों को नकली सीरिंज से “इंजेक्शन लगाते हुए” वीडियो बनाया था, जो इंटरनेट पर वायरल हुआ था।
यह वीडियो फेट द ला म्यूज़िक (Fête de la Musique) यानी वर्ल्ड म्यूज़िक डे से ठीक पहले जून महीने में पोस्ट किया गया था। इसमें 27 वर्षीय मोजीतो राह चलते लोगों को यह दिखाते थे कि वह उन्हें सुई चुभा रहे हैं। वीडियो का शीर्षक था – “Mojito le piqueur fou” यानी “पागल टीका लगाने वाला मोजीतो”।
सोशल मीडिया पर इस वीडियो के वायरल होते ही फ्रांस में हंगामा मच गया। उस समय देश पहले से ही “नीडल अटैक” (सुई से हमले) की अफवाहों से डरा हुआ था। केवल जून माह में ही पुलिस को 145 रिपोर्ट्स मिली थीं, जिनमें लोगों ने कहा कि उन्हें पार्टी या त्योहारों के दौरान सुई चुभाई गई थी, हालांकि जांच में अधिकांश मामले फर्जी निकले।
प्रॉसीक्यूटर ने दलील दी कि मोजीतो ने अपने तथाकथित “मज़ाकिया वीडियो” से इस डर को और बढ़ावा दिया और लोगों में दहशत फैलाई।
पिछले महीने अभियोजन पक्ष ने 15 महीने की सज़ा (जिसमें 5 महीने निलंबित) और इलेक्ट्रॉनिक निगरानी की सिफारिश की थी। शुक्रवार को पेरिस की आपराधिक अदालत (Paris Criminal Court) ने उन्हें 12 महीने की जेल, जिनमें से 6 महीने निलंबित, की सज़ा सुनाई।
अदालत ने उन्हें “हथियार के साथ हिंसा, जिससे काम करने में अक्षम्यता नहीं हुई” के तहत दोषी पाया। इसके साथ ही मोजीतो पर €1500 (लगभग ₹2,66,000) का जुर्माना लगाया गया और तीन साल तक हथियार रखने या ले जाने पर प्रतिबंध भी लगाया गया है।