लंदन के द ओवल मैदान पर भारत और इंग्लैंड के बीच जारी पांच मैचों की टेस्ट सीरीज के आखिरी मुकाबले में दूसरे दिन भारत ने शानदार प्रदर्शन करते हुए इंग्लैंड पर 52 रनों की महत्वपूर्ण बढ़त हासिल कर ली। दिन का खेल समाप्त होने तक भारत ने अपनी दूसरी पारी में दो विकेट पर 75 रन बना लिए थे। क्रीज पर यशस्वी जायसवाल 51* और आकाश दीप 4* रन बनाकर डटे हुए हैं।
दूसरी पारी में भले ही केएल राहुल मात्र सात रन बनाकर आउट हो गए, लेकिन उन्होंने एक बड़ी उपलब्धि अपने नाम कर ली। राहुल SENA (दक्षिण अफ्रीका, इंग्लैंड, न्यूजीलैंड और ऑस्ट्रेलिया) देशों में एक टेस्ट सीरीज में सबसे अधिक रन बनाने वाले दूसरे भारतीय सलामी बल्लेबाज बन गए हैं। उन्होंने मौजूदा सीरीज में अब तक 532 रन बनाए हैं। इस सूची में शीर्ष पर महान बल्लेबाज सुनील गावस्कर हैं, जिन्होंने 1979 में इंग्लैंड के खिलाफ 542 रन बनाए थे।
| बल्लेबाज | रन | दौरा | वर्ष |
|---|---|---|---|
| सुनील गावस्कर | 542 | भारत का इंग्लैंड दौरा | 1979 |
| केएल राहुल | 532 | भारत का इंग्लैंड दौरा | 2025 |
| मुरली विजय | 482 | भारत का ऑस्ट्रेलिया दौरा | 2014-15 |
| वीरेंद्र सहवाग | 464 | भारत का ऑस्ट्रेलिया दौरा | 2003-04 |
दूसरी पारी में यशस्वी जायसवाल ने आक्रामक बल्लेबाजी करते हुए केवल 44 गेंदों में अपना 13वां अर्धशतक पूरा किया। उन्होंने केएल राहुल (7) के साथ पहले विकेट के लिए 46 रनों की साझेदारी की। इसके बाद साई सुदर्शन (11) भी जल्दी आउट हो गए, लेकिन यशस्वी ने एक छोर संभाले रखा।
भारत ने पहली पारी में 224 रन बनाए। करुण नायर ने 57 और वाशिंगटन सुंदर ने 26 रनों की अहम पारियां खेलीं। दोनों के बीच सातवें विकेट के लिए 65 रनों की साझेदारी हुई। इंग्लैंड के लिए गस एटकिंसन ने पांच और जोश टंग ने तीन विकेट झटके।
इंग्लैंड की टीम अपनी पहली पारी में 247 रन बनाकर ऑलआउट हो गई और उसे 23 रनों की बढ़त मिली। क्राउली ने 64 और हैरी ब्रूक ने 53 रन बनाए। भारत के लिए मोहम्मद सिराज और प्रसिद्ध कृष्णा ने चार-चार विकेट लिए।
इंग्लैंड ने इस मैच में केवल नौ बल्लेबाजों के साथ उतरने का फैसला किया, क्योंकि क्रिस वोक्स चोट के चलते टीम से बाहर हो गए थे।
भारत ने दूसरी पारी में 52 रनों की बढ़त ले ली है और अब तीसरे दिन उसके पास मजबूत स्कोर खड़ा करने का सुनहरा मौका है। यशस्वी की फॉर्म टीम के लिए शुभ संकेत है। अब निगाहें अगले दिन के खेल पर होंगी, जहां भारत बढ़त को मजबूत करने की कोशिश करेगा।