ऑस्ट्रेलियाई राजनयिकों के वीज़ा रद्द, इज़राइल-ऑस्ट्रेलिया संबंधों में तनाव

ऑस्ट्रेलियाई राजनयिकों के वीज़ा रद्द, इज़राइल-ऑस्ट्रेलिया संबंधों में तनाव

तेल अवीव और कैनबरा के बीच संबंधों में नया मोड़ आया है। इज़राइल ने ऑस्ट्रेलियाई राजनयिकों के लिए वीज़ा रद्द कर दिया है, जिस पर ऑस्ट्रेलिया ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है।

पृष्ठभूमि

इज़राइल के विदेश मंत्री गिडोन सार ने घोषणा की कि ऑस्ट्रेलिया द्वारा दक्षिणपंथी इज़राइली सांसदों के वीज़ा रद्द करने के बाद, इज़राइल अब ऑस्ट्रेलियाई प्रतिनिधियों को फ़िलिस्तीनी प्राधिकरण के लिए वीज़ा नहीं देगा। उन्होंने संकेत दिया कि आगे चलकर इज़राइल में प्रवेश करने वाले ऑस्ट्रेलियाई अधिकारियों पर और भी पाबंदियां लग सकती हैं।

ऑस्ट्रेलिया की प्रतिक्रिया

ऑस्ट्रेलियाई विदेश मंत्री पेनी वोंग ने इस कदम को “अनुचित और अन्यायपूर्ण” बताया। उन्होंने कहा कि ऐसे समय में जब शांति वार्ता और कूटनीति की सबसे अधिक आवश्यकता है, इज़राइल खुद को अलग-थलग कर रहा है और दो-राष्ट्र समाधान की दिशा में अंतरराष्ट्रीय प्रयासों को कमजोर कर रहा है।

पेनी वोंग ने दोहराया कि ऑस्ट्रेलिया फ़िलिस्तीन को मान्यता देने और ग़ाज़ा में युद्धविराम व बंधकों की रिहाई के लिए वैश्विक प्रयासों का हिस्सा बना रहेगा।

विवादित बयान और वीज़ा रद्द

ऑस्ट्रेलिया ने पूर्व इज़राइली मंत्री अयलेट शाकेद और संसद समिति अध्यक्ष सिमचा रोथमान के वीज़ा रद्द कर दिए थे। शाकेद पर 2014 में दिए गए एक बयान को लेकर विवाद हुआ था, जिसमें उन्होंने आतंकवादियों के बच्चों को “छोटे सांप” कहा था। इसी कारण ऑस्ट्रेलियाई सरकार ने उन्हें प्रवेश की अनुमति नहीं दी।

इज़राइल का आरोप

गिडोन सार ने ऑस्ट्रेलिया पर आरोप लगाया कि वह यहूदी-विरोधी माहौल को बढ़ावा दे रहा है और इज़राइली नेताओं के प्रवेश पर रोक लगाकर गलत संदेश दे रहा है। उन्होंने कहा कि यह “शर्मनाक और अस्वीकार्य” है।

भविष्य की संभावनाएँ

यह अभी स्पष्ट नहीं है कि कितने ऑस्ट्रेलियाई अधिकारी इस फैसले से प्रभावित होंगे, लेकिन विशेषज्ञों का मानना है कि यह दोनों देशों के बीच अब तक का सबसे गंभीर राजनयिक टकराव है।