कर्नाटक सरकार की महत्वाकांक्षी शक्ति योजना ने महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में नया इतिहास रच दिया है। राज्य के परिवहन मंत्री रामलिंगा रेड्डी ने सोमवार को घोषणा की कि इस योजना के तहत 11 जून 2023 से 20 जुलाई 2024 तक कुल 500 करोड़ बार महिलाओं ने मुफ्त बस यात्रा की। यह उपलब्धि अमेरिका आधारित गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में दर्ज की गई है।
रेड्डी ने बताया कि योजना लागू होने के बाद परिवहन बेड़े में 5,800 नई बसें जोड़ी गईं और करीब 10,000 नए कर्मचारियों की भर्ती की गई। लंबे समय से ठप बसों की खरीद फिर से शुरू हुई। सरकार ने परिवहन निगमों का कर्ज उतारने के लिए 2,000 करोड़ रुपये भी चुकाए।
मंत्री ने बियॉन्ड फ्री राइड्स अध्ययन का हवाला देते हुए कहा कि योजना ने केवल महिलाओं को मुफ्त यात्रा का लाभ नहीं दिया बल्कि रोजगार और आय में भी वृद्धि की है। अध्ययन के अनुसार, बेंगलुरु में महिला कर्मचारियों की संख्या में 23 प्रतिशत और हुबली-धारवाड़ में 21 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है। इससे राज्य की प्रति व्यक्ति आय पर भी सकारात्मक असर पड़ा है।
मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने सोशल मीडिया पर लिखा कि इस योजना की सफलता का श्रेय कर्नाटक की माताओं और बहनों को जाता है, जो रोजगार, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं के लिए प्रतिदिन बसों का सहारा लेती हैं। उन्होंने इसे महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में सरकार का साहसिक और ऐतिहासिक कदम बताया।
रेड्डी ने कहा कि इस उपलब्धि ने न केवल कर्नाटक बल्कि पूरे देश में मिसाल पेश की है। कई अन्य राज्य अब इस योजना को अलग-अलग नाम और रूप में लागू करने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं।