न्यूज़ीलैंड में हाल ही में आवास बाजार में जबरदस्त गिरावट देखने को मिली है। घरों की कीमतें महामारी के समय की रिकॉर्ड ऊँचाइयों से गिरकर अब 2019 के स्तर तक पहुँच गई हैं। किराये में भी 2009 के बाद पहली बार गिरावट आई है, जिससे देश में आवास पहले से कहीं अधिक सुलभ हो गया है।
हालांकि विशेषज्ञों का कहना है कि ऑस्ट्रेलिया में निकट भविष्य में ऐसा कोई संकट दिखाई नहीं देता।
न्यूज़ीलैंड में क्यों गिरी कीमतें?
न्यूज़ीलैंड के प्रमुख अर्थशास्त्री लीथ वैन ऑनसेलेन के अनुसार, आव्रजन की दर में गिरावट, निर्माण गतिविधियों में सुस्ती और सरकार की नीतियों जैसे विदेशी निवेशकों पर प्रतिबंध और संपत्ति निवेश पर कर में बदलाव ने मिलकर इस गिरावट को जन्म दिया।
पूर्ववर्ती अर्डर्न सरकार ने निवेशकों पर कर लाभों को समाप्त कर दिया था और ‘ब्राइट-लाइन टैस्ट’ (कैपिटल गेन्स टैक्स जैसी नीति) को कड़ा किया गया था। हालांकि, वर्तमान लकसन सरकार ने कुछ कर बदलावों को पलट दिया है।
ऑस्ट्रेलिया की स्थिति पूरी तरह अलग
ऑस्ट्रेलिया में हाल ही में प्रकाशित प्रॉपट्रैक रिपोर्ट के अनुसार, जुलाई 2025 में औसत घर की कीमत रिकॉर्ड स्तर $827,000 तक पहुँच गई। यह कीमत पिछले महीने की तुलना में 0.3% और पिछले वर्ष की तुलना में 4.9% अधिक है।
ऑस्ट्रेलियाई सरकार की नीतियाँ भी आवास बाजार को ऊपर ले जाने में मदद कर रही हैं। सरकार ने हाल ही में घोषणा की है कि जनवरी 2026 से सभी प्रथम बार घर खरीदने वालों को सिर्फ 5% डाउन पेमेंट पर घर खरीदने की अनुमति होगी, जिसमें सरकार 15% तक का ऋण गारंटर बनेगी। इससे ‘लेंडर्स मॉर्टगेज इंश्योरेंस’ जैसे भारी खर्च से छुटकारा मिलेगा।
सरकार ने बैंकों को यह छूट भी दी है कि वे छात्रों के ऋण को ऋण योग्यता निर्धारण में न गिनें। इन सभी नीतियों से आवासीय मांग में तेजी आएगी, जिससे कीमतों में और इज़ाफा होगा।
वास्तव में सस्ती नहीं होगी हाउसिंग: विशेषज्ञों की चेतावनी
वैन ऑनसेलेन कहते हैं, “ये तमाम योजनाएं दिखने में तो सस्ती हाउसिंग के लिए हैं, लेकिन इनका असली असर मांग को बढ़ाकर कीमतों को और ऊपर ले जाना है।”
वहीं, मेट्रोपोल प्रॉपर्टी स्ट्रैटेजिस्ट्स के संस्थापक माइकल यार्डनी ने कहा कि न्यूज़ीलैंड की गिरावट का एक बड़ा कारण ‘अप-जोनिंग’ था, जिससे बड़े पैमाने पर सस्ते मकानों का निर्माण हुआ और आपूर्ति मांग से कहीं अधिक हो गई।
उनके अनुसार, ऑस्ट्रेलिया में स्थिति बिल्कुल विपरीत है – उच्च प्रवास दर, सीमित आपूर्ति, निवेश को प्रोत्साहित करने वाली नीतियाँ और एक मजबूत अर्थव्यवस्था।
क्या भविष्य में गिर सकती हैं कीमतें?
विशेषज्ञ मानते हैं कि अगर ऑस्ट्रेलियाई सरकार आवास से जुड़े टैक्स लाभों को वापस ले या आव्रजन को सीमित करे, तो कीमतों में गिरावट संभव है। लेकिन फिलहाल ऐसे कोई संकेत नहीं हैं।