प्रवासी विरोधी नेता जैक एल्टिस ने किया राजनीति में उतरने का ऐलान

प्रवासी विरोधी नेता जैक एल्टिस ने किया राजनीति में उतरने का ऐलान

सिडनी। ऑस्ट्रेलिया के सिडनी शहर में नियो-नाज़ी समर्थकों का एक गुप्त जमावड़ा हुआ, जिस पर न्यू साउथ वेल्स (NSW) पुलिस की कड़ी नज़र रही। बताया जा रहा है कि इस सभा में शामिल लोग सामूहिक रूप से व्यायाम और ‘स्टार जंप्स’ जैसे शारीरिक अभ्यास करते दिखे। हालाँकि यह गतिविधि देखने में सामान्य लग रही थी, लेकिन सुरक्षा एजेंसियों ने इसे एक रणनीतिक जुटान के रूप में देखा।

जैक एल्टिस का विवादित बयान

इस जमावड़े की अगुवाई करने वाले जैक एल्टिस ने औपचारिक घोषणा की कि उनका संगठन अब सक्रिय राजनीति में उतरेगा। एल्टिस लंबे समय से प्रवासी-विरोधी बयानों के लिए चर्चा में रहे हैं। हाल ही में उन्होंने कहा था कि "सभी प्रवासियों को वापस भेज दिया जाना चाहिए।" उनके इस बयान की मानवाधिकार संगठनों ने तीखी आलोचना की थी।

पुलिस की कड़ी निगरानी

NSW पुलिस सूत्रों के अनुसार, इस आयोजन पर गुप्त निगरानी रखी गई थी। पुलिस को आशंका थी कि यह जमावड़ा किसी बड़े उग्रवादी अभियान का हिस्सा हो सकता है। हालांकि अभी तक किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली है, लेकिन सुरक्षा एजेंसियों ने स्पष्ट किया कि ऐसे समूहों की गतिविधियों पर लगातार नज़र रखी जाएगी।

समुदाय में चिंता

स्थानीय समुदायों और नागरिक संगठनों ने इस घटनाक्रम पर गहरी चिंता जताई है। उनका कहना है कि ऐसे उग्रवादी समूहों का राजनीति में आना समाज को बाँटने और नफ़रत फैलाने का काम कर सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर इन पर समय रहते रोक नहीं लगाई गई, तो यह राज्य की सामाजिक एकता और बहुसांस्कृतिक ढांचे के लिए गंभीर ख़तरा बन सकता है।

सरकार से सख़्त कार्रवाई की मांग

मानवाधिकार संगठनों ने सरकार से मांग की है कि नियो-नाज़ी जैसे चरमपंथी संगठनों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए। साथ ही, ऐसे बयानों और गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए सख़्त कानून बनाए जाएँ, ताकि प्रवासी समुदायों को सुरक्षित वातावरण मिल सके।