वॉशिंगटन/लंदन।
जेफ़्री एपस्टीन से जुड़े मामलों में जारी किए गए नए अमेरिकी न्याय विभाग (DoJ) के दस्तावेज़ों ने एक बार फिर ब्रिटिश राजघराने से जुड़ी हस्तियों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। इन दस्तावेज़ों में एपस्टीन के फ़्लोरिडा स्थित पाम बीच आवास के कर्मचारियों को दिए गए एक गोपनीय नियम-पुस्तिका (मैनुअल) का उल्लेख है, जिसे कथित तौर पर “इंग्लैंड की एक डचेस” की मौजूदगी में पेश किया गया था।
हालाँकि दस्तावेज़ों में किसी का नाम स्पष्ट रूप से नहीं लिया गया है, लेकिन ब्रिटिश टैब्लॉइड द सन सहित कुछ मीडिया रिपोर्टों में अनुमान लगाया जा रहा है कि यह संदर्भ Sarah Ferguson (डचेस ऑफ़ यॉर्क) से जुड़ा हो सकता है। सारा फ़र्ग्यूसन, ब्रिटेन के Prince Andrew की पूर्व पत्नी हैं।
यह मैनुअल पहली बार 2021 में Ghislaine Maxwell के मुकदमे के दौरान सामने आया था। गवाही देने वाले पूर्व कर्मचारी जुआन अलेसी के अनुसार, कर्मचारियों को निर्देश दिया गया था कि वे एपस्टीन, मैक्सवेल और उनके मेहमानों की गतिविधियों को लेकर “कुछ न देखें, कुछ न सुनें और कुछ न कहें।”
मैनुअल में कर्मचारियों के पहनावे, व्यवहार, बातचीत, यहां तक कि घर के तापमान और निजी वस्तुओं की व्यवस्था तक के निर्देश शामिल थे। सबसे विवादास्पद निर्देशों में गोपनीयता बनाए रखने और किसी भी गतिविधि का खुलासा न करने की सख़्त हिदायत थी।
DoJ द्वारा हाल में जारी रिकॉर्ड्स में एक पूर्व कर्मचारी के बयान का हवाला दिया गया है, जिसमें कहा गया कि उसने यह मैनुअल पहली बार तब देखा जब “इंग्लैंड की एक डचेस, जो रॉयल्टी से जुड़ी मानी जाती थीं,” वहां आई थीं। हालांकि इस बयान में भी किसी का नाम दर्ज नहीं है।
मैक्सवेल के मुकदमे के दौरान उनकी रक्षा टीम ने यह दावा किया था कि मैनुअल न तो मैक्सवेल ने लिखा और न ही एपस्टीन ने, बल्कि इसे लिखने के लिए किसी “काउंटेस” को नियुक्त किया गया था।
इन ताज़ा दावों पर सारा फ़र्ग्यूसन की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। न ही अमेरिकी न्याय विभाग ने यह स्पष्ट किया है कि दस्तावेज़ों में उल्लिखित “डचेस” कौन थीं।
जेफ़्री एपस्टीन, जो नाबालिगों के यौन शोषण और तस्करी के मामलों में आरोपी था, की 2019 में जेल में मृत्यु हो गई थी। उसके नेटवर्क और उससे जुड़े प्रभावशाली लोगों की भूमिका को लेकर जांच और दस्तावेज़ी खुलासे अब भी जारी हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि जब तक ठोस प्रमाण और आधिकारिक पुष्टि नहीं होती, तब तक किसी भी व्यक्ति की भूमिका को लेकर निष्कर्ष निकालना जल्दबाज़ी होगी।