केट मिडलटन के अचानक रॉयल एस्कॉट से हटने पर बकिंघम पैलेस में मची अफरातफरी

राजघराने में मची चिंता, ‘भविष्य की महारानी की तबीयत’ को लेकर उठे सवाल

केट मिडलटन के अचानक रॉयल एस्कॉट से हटने पर बकिंघम पैलेस में मची अफरातफरी

लंदन, 20 जून 2025
ब्रिटेन की शाही परिवार की बहू और प्रिंसेस ऑफ वेल्स, केट मिडलटन द्वारा रॉयल एस्कॉट जैसे प्रतिष्ठित आयोजन से ऐन वक्त पर नाम वापस लेने से बकिंघम पैलेस में खलबली मच गई। इस फैसले की घोषणा उनके कार्यक्रम में पहुंचने से महज एक घंटे पहले की गई, जिससे शाही अधिकारियों के बीच चिंता और भ्रम की स्थिति उत्पन्न हो गई।

ब्रिटिश मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, जब यह खबर आई कि केट रॉयल एस्कॉट में भाग नहीं लेंगी, तो महल में “अफरातफरी और चिंता का माहौल” बन गया। कई शाही अधिकारियों को लगा कि प्रिंसेस की तबीयत अचानक खराब हो गई है और उन्हें डॉक्टर को दिखाने या अस्पताल ले जाने की ज़रूरत पड़ गई है।

'क्या हो रहा है?' - महल के भीतर का तनाव

डेली बीस्ट के रॉयल संवाददाता टॉम साइक्स की रिपोर्ट के अनुसार, शाही महल में उस समय ‘हड़कंप’ मच गया। एक पूर्व दरबारी ने बताया, “एक पल वह कार्यक्रम में शामिल हो रही थीं, और अगले ही पल उनका नाम हटा लिया गया। यह साल के सबसे बड़े शाही आयोजनों में से एक है — इसे कोई भी यूं ही नहीं छोड़ता, इसलिए सभी को गंभीर चिंता हुई।”

इस आयोजन में केट मिडलटन को किंग चार्ल्स और क्वीन कैमिला के साथ पारंपरिक शाही बग्घी में पहुंचना था। शाही कार्यक्रमों की सार्वजनिक सूची — जिसे ‘कैरेज लिस्ट’ कहा जाता है — में उनका नाम पहले से मौजूद था, लेकिन कार्यक्रम से कुछ ही देर पहले महल द्वारा उनकी अनुपस्थिति की आधिकारिक घोषणा की गई।

स्वास्थ्य को लेकर अफवाहें तेज

इस अचानक फैसले के बाद मीडिया और जनता के बीच भी अटकलें तेज़ हो गईं कि शायद उनकी सेहत को लेकर कोई गंभीर बात है। हालांकि, प्रिंसेस की ओर से या महल से अब तक कोई औपचारिक स्पष्टीकरण नहीं आया है।

गौरतलब है कि केट मिडलटन हाल ही में कैंसर के इलाज से उबर रही हैं और धीरे-धीरे सार्वजनिक जीवन में लौट रही हैं। ऐसे में उनकी अनुपस्थिति को गंभीरता से देखा जा रहा है।

राजशाही और जनता की निगाहें

रॉयल एस्कॉट जैसे आयोजन शाही कैलेंडर में विशेष स्थान रखते हैं, और इस तरह के बदलाव ना केवल राजपरिवार के लिए बल्कि देशवासियों के लिए भी चिंताजनक होते हैं।

अब सभी की निगाहें आने वाले शाही आयोजनों पर टिकी हैं, जहां यह स्पष्ट होगा कि क्या प्रिंसेस ऑफ वेल्स पूरी तरह स्वस्थ हैं या कोई नई स्वास्थ्य चुनौती सामने आई है।