टीम इंडिया के स्टार विकेटकीपर-बल्लेबाज़ ऋषभ पंत ने इंग्लैंड के खिलाफ चौथे टेस्ट मैच के पहले दिन एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की। पंत किसी एक विदेशी देश में 1000 से ज्यादा टेस्ट रन बनाने वाले पहले विकेटकीपर-बल्लेबाज़ बन गए हैं। हालांकि, इस ऐतिहासिक दिन पर एक और झटका भी लगा, जब उन्हें चोट के चलते रिटायर्ड हर्ट होना पड़ा।
भारत ने पहले दिन शानदार बल्लेबाज़ी करते हुए स्टंप्स तक 264 रन पर 4 विकेट गंवा दिए। रविंद्र जडेजा (19*) और शार्दुल ठाकुर (19*) नाबाद लौटे।
पंत ने ऑस्ट्रेलिया में 879 टेस्ट रन बनाकर पहले ही एक विदेशी देश में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले विकेटकीपर बनने का रिकॉर्ड अपने नाम किया था। अब उन्होंने इंग्लैंड में 1000+ रन पूरे कर इस रिकॉर्ड को और ऊंचा कर दिया। लेकिन जब वो शानदार लय में नजर आ रहे थे, तब एक बाउंसर को रिवर्स स्वीप करने की कोशिश में गेंद उनके दाहिने पैर पर जोर से लगी, जिसके बाद उन्हें मैदान से बाहर ले जाना पड़ा। चोट गंभीर लग रही थी और उनके पैर पर खून के निशान भी देखे गए।
कप्तान शुभमन गिल ने टॉस हारकर बल्लेबाज़ी का मौका पाया, जो भारत के पक्ष में साबित हुआ। केएल राहुल (46) और यशस्वी जायसवाल (58) की ओपनिंग जोड़ी ने 94 रनों की साझेदारी की। इसके बाद साई सुदर्शन ने वापसी करते हुए 61 रनों की साहसी पारी खेली और अपनी जगह को सही ठहराया।
सुदर्शन और पंत की जोड़ी अच्छी लय में थी, लेकिन दोनों ही अचानक झटकों में आउट या घायल हो गए। सुदर्शन को ब्रायडन कार्स ने फाइन लेग पर कैच आउट कराया, जबकि पंत चोटिल हो गए।
क्रिस वोक्स और लियाम डॉसन ने इंग्लैंड की वापसी करवाई। वोक्स ने राहुल को आउट किया, जबकि डॉसन ने जायसवाल का विकेट लिया। इसके बाद स्टोक्स ने कप्तान शुभमन गिल को LBW किया।
भारत ने धीमी पिच पर पुराने टेस्ट क्रिकेट स्टाइल में बल्लेबाज़ी की। ओपनर्स ने पहले सेशन में इंग्लिश पेसर्स के खिलाफ संयम दिखाया। हालांकि, पंत की चोट भारतीय ड्रेसिंग रूम के लिए चिंता का विषय बन गई है, क्योंकि वह पहले भी लॉर्ड्स टेस्ट में फील्डिंग के दौरान ऊँगली की चोट से जूझ रहे थे।