लंदन। ब्रिटेन की विवादित शरण नीति एक बार फिर संकट में आ गई है। इंग्लैंड की हाई कोर्ट ने सरकार को बड़ा झटका देते हुए आदेश दिया है कि एसेक्स स्थित जिस होटल में प्रवासियों को ठहराया गया था, उन्हें तुरंत हटाया जाए। यह वही होटल है जो बीते कई हफ्तों से स्थानीय विरोध-प्रदर्शनों का केंद्र बना हुआ था।
न्यायालय के इस फैसले से ब्रिटिश सरकार की शरणार्थियों को अस्थायी ठिकाने देने की योजना अव्यवस्था में पड़ गई है। अदालत ने साफ किया कि होटल में प्रवासियों को रखना स्थानीय प्रशासन और निवासियों की सुरक्षा व व्यवस्था के खिलाफ है। फैसले के बाद अब सरकार को वैकल्पिक व्यवस्था तलाशनी होगी।
एसेक्स के इस होटल के बाहर लंबे समय से स्थानीय लोगों का विरोध जारी था। उनका आरोप था कि प्रवासियों की संख्या बढ़ने से इलाके में तनाव और असुरक्षा का माहौल बन गया है। कई बार पुलिस को भी हालात संभालने के लिए तैनात करना पड़ा।
ब्रिटेन में शरण नीति पहले ही विवादों में घिरी रही है। अब हाई कोर्ट के इस निर्णय से सरकार की रणनीति और कमजोर हो गई है। हजारों शरणार्थियों के लिए सुरक्षित व स्थायी व्यवस्था करना सरकार के लिए बड़ी चुनौती साबित हो सकता है।